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जन्म कुंडली क्या है? जानिए आपकी कुंडली कैसे खोल सकती है आपके भाग्य के रहस्य

जन्म कुंडली या जन्म पत्रिका व्यक्ति के जन्म के समय और स्थान के आधार पर बनाई गई एक ज्योतिषीय चार्ट होती है, जो उस समय आकाश में ग्रहों की स्थिति को दर्शाती है। यह किसी व्यक्ति के जीवन के व्यक्तित्व, व्यवहार, करियर, विवाह, स्वास्थ्य और भाग्य से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियाँ प्रदान करती है।


जन्म कुंडली कैसे बनती है?

जब कोई व्यक्ति जन्म लेता है, तो उस क्षण पर ब्रह्मांड में स्थित ग्रह-नक्षत्र एक विशेष स्थिति में होते हैं। व्यक्ति के जन्म का समय, तिथि और स्थान को ध्यान में रखते हुए कुंडली बनाई जाती है, जिसमें 12 भाव (हाउस) और 9 ग्रहों की स्थिति को अंकित किया जाता है।

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  • प्रथम भाव: आत्मा, शरीर, स्वभाव

  • द्वितीय भाव: धन, वाणी, परिवार

  • सप्तम भाव: विवाह, जीवनसाथी

  • दशम भाव: करियर, समाजिक प्रतिष्ठा

  • आदि…


कुंडली के प्रमुख तत्व

  1. लग्न (Ascendant):

    कुंडली का सबसे महत्वपूर्ण भाग, जो व्यक्ति के स्वभाव और जीवन के मूल स्वरूप को दर्शाता है।

  2. ग्रह (Planets):

    प्रत्येक ग्रह का विशेष प्रभाव होता है। जैसे मंगल साहस का, शुक्र प्रेम का, शनि कर्म का आदि।

  3. भाव (Houses):

    12 भाव होते हैं, जो जीवन के 12 अलग-अलग पहलुओं से संबंधित होते हैं।

  4. दशा और गोचर (Dasha & Transit):

    ग्रहों की दशा और गोचर के अनुसार ही समय विशेष में जीवन की घटनाएं घटित होती हैं।


कुंडली क्यों जरूरी है?

  • विवाह से पहले कुंडली मिलान:

    दो व्यक्तियों के स्वभाव और ग्रहों की अनुकूलता जानने के लिए।

  • करियर मार्गदर्शन:

    व्यक्ति की रुचि और किस क्षेत्र में सफलता मिल सकती है, यह जानने के लिए।

  • स्वास्थ्य संबंधी संकेत:

    कौन सा ग्रह कब और कैसे स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकता है।

  • धन लाभ और हानि:

    कुंडली यह संकेत देती है कि कब धन लाभ या हानि की संभावना हो सकती है।


ऑनलाइन कुंडली कैसे बनवाएं?

आज कई ज्योतिषीय वेबसाइट्स और मोबाइल ऐप्स के माध्यम से आप मुफ्त में या विशेषज्ञ की सहायता से कुंडली बनवा सकते हैं। इसके लिए आपको केवल ये तीन जानकारी देनी होती है:

  • जन्म की तारीख (Date of Birth)

  • जन्म का समय (Time of Birth)

  • जन्म स्थान (Place of Birth)


निष्कर्ष:

जन्म कुंडली जीवन की एक खिड़की है, जो हमारे अतीत, वर्तमान और संभावित भविष्य की झलक दिखाती है। यह न केवल आत्म-विश्लेषण का माध्यम है, बल्कि सही समय पर निर्णय लेने का भी एक मार्गदर्शक बन सकती है।

यदि आप ज्योतिष पर विश्वास करते हैं या अपने जीवन की दिशा को और स्पष्टता से समझना चाहते हैं, तो एक बार कुंडली का विश्लेषण जरूर कराएं।

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सूर्या नेवेंद्र

बस्तर एक्सप्रेस न्यूज़ एक स्वतंत्र हिंदी न्यूज़ पोर्टल है, जो बस्तर, कांकेर और छत्तीसगढ़ से जुड़ी राजनीति, समाज, अपराध, जनहित और स्थानीय मुद्दों की खबरें ईमानदारी और सरल भाषा में प्रस्तुत करता है। हमारा लक्ष्य सच को तेज़ और भरोसेमंद तरीके से पाठकों तक पहुँचाना है।
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